इन्फ्रास्ट्रक्चर
वाराणसी में प्रधानमंत्री ने ₹1800 करोड़ की परियोजनाओं का उद्घाटन व शिलान्यास किया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार (8 जुलाई) को उत्तर प्रदेश के वाराणसी में एक कार्यक्रम के दौरान 1,800 करोड़ रुपये से अधिक की कई परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया।

इनमें वाराणसी स्मार्ट सिटी एवं शहरी परियोजनाओं के तहत कई पहल हैं। इसमें चरण-1 में नमो घाट के पुनर्विकास के साथ स्नान घाट के निर्माण, 500 नावों के डीजल व पेट्रोल इंजनों का सीएनजी में रूपांतरण, पुरानी काशी के कामेश्वर महादेव वार्ड का पुनर्विकास व गाँव हरहुआ, दासपुर में 600 से अधिक ईडब्ल्यूएस फ्लैटों का निर्माण, लहरतारा-चौका घाट फ्लाईओवर के तहत तैयार किया गया नया वेंडिंग जोन व शहरी स्थान, दशाश्वमेध घाट पर पर्यटन सुविधा व बाज़ार परिसर और आईपीडीएस कार्य चरण-3 के अंतर्गत नगवा में 33/11 केवी सबस्टेशन सम्मिलित हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कई सड़क परियोजना का भी उद्घाटन किया। इसमें बाबतपुर-कपसेठी-भदोही रोड पर चार लेन रोड, सेंट्रल जेल रोड पर वरुणा नदी पर एक पुल, पिंडरा-कथिराओं रोड का चौड़ीकरण, फूलपुर-सिंधौरा लिंक रोड का चौड़ीकरण, आठ ग्रामीण सड़कों का सुदृढ़ीकरण व निर्माण, पीएमजीएसवाई सड़कों का निर्माण व धरसौना-सिंधौरा सड़क का चौड़ीकरण सम्मिलित है।

कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने 1,200 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं की आधारशिला रखी।

इनमें से कई सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाएँ हैं, जिसमें लहरतारा-बीएचयू से विजया सिनेमा तक सड़क को छह-लेन चौड़ा करना, पांडेयपुर फ्लाईओवर से रिंग रोड तक सड़क का चार लेन चौड़ीकरण, कुचाहेरी से संदाहा तक सड़क चार लेन, वाराणसी भदोही ग्रामीण सड़क का चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण, वाराणसी ग्रामीण क्षेत्र में पाँच नई सड़क व चार सीसी सड़कों का निर्माण, बाबतपुर-चौबेपुर मार्ग पर बाबतपुर रेलवे स्टेशन के पास आरओबी का निर्माण सम्मिलित है।

पीएमओ कार्यालय ने कहा, “इन परियोजनाओं से शहर व ग्रामीण सड़कों पर यातायात भार को कम करने में काफी सहायता मिलेगी।”

आगे बताया गया, “क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री मोदी ने कई परियोजनाओं की आधारशिला रखी। इनमें विश्व बैंक सहायता प्राप्त यूपी गरीब समर्थक पर्यटन विकास परियोजना के तहत सारनाथ बौद्ध सर्किट का विकास कार्य, अष्ट विनकाय, द्वादश ज्योतिर्लिंग यात्रा, अष्ट भैरव, नव गौरी यात्रा के लिए पावन पथ का निर्माण, पंचकोसी परिक्रमा यात्रा मार्ग में पाँच पड़ावों का पर्यटन विकास कार्य और पुरानी काशी में विभिन्न वार्डों में पर्यटन विकास का कार्य सम्मिलित है।”