समाचार
गृह मंत्री अमित शाह ने अर्धसैनिक बलों की 107 कैंटीनों में खादी बिक्री का आरंभ किया

केंद्र सरकार का स्वदेशी अभियान अखिल भारतीय विस्तार के लिए तैयार है, जिसमें अर्धसैनिक बलों की कैंटीन में हाथ से बने उत्पादों की बिक्री शुरू हो रही है।

गृहमंत्री अमित शाह ने 107 केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (सीएपीएफ) की कैंटीनों में खादी उत्पादों की बिक्री की शुरुआत की और कहा, “देश में अर्धसैनिक बलों की सभी कैंटीन जल्द ही खादी उत्पादों की बिक्री शुरू कर देगी।”

गृह मंत्री ने असम के तामुलपुर में सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) की केंद्रीय कार्यशाला और भंडार के लिए शिलान्यास समारोह के मौके पर कहा, “गांधीजी के लिए खादी स्वदेशी का प्रतीक था और यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मानिर्भर भारत के सपने को पूरा करने का एक साधन भी है। मुझे खुशी है कि 107 अर्धसैनिक कैंटीनों में खादी उत्पादों की बिक्री शुरू हो गई है और जल्द ही खादी उत्पादों को देश भर में सभी अर्धसैनिक कैंटीनों में उपलब्ध करवाया जाएगा।”

इस अवसर पर असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा, खादी और ग्रामोद्योग आयोग (केवीआईसी) के अध्यक्ष विनय कुमार सक्सेना, गृह सचिव अजय कुमार भल्ला और बीएसएफ व केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के प्रमुख उपस्थित थे।

शाह ने स्थायी ग्रामीण रोजगार सृजित करने के लिए केवीआईसी की प्रशंसा की और कहा कि शहद अभियान, कुम्हार सशक्तिकरण योजना, चमड़ा और बढ़ई सशक्तीकरण जैसी प्रमुख योजनाओं में असम के बोडोलैंड में स्थायी रोजगार उत्पनन्न करने की क्षमता है।

उन्होंने कहा, “अगर केवीआईसी लोगों को अपनी स्वरोजगार गतिविधियों से जोड़ना शुरू कर देता है तो यह निश्चित रूप से बोडोलैंड में बेरोजगारी की समस्या को समाप्त कर देगा और राष्ट्र के विकास के साथ हथियार छोड़ने वाले बोडो युवाओं को भी फिर से जोड़ देगा।”

इससे पहले, स्वदेशी को आगे बढ़ाने के लिए गृह मंत्री ने सभी सीएपीएफ कैंटीनों को केवीआईसी के माध्यम से अधिकतम स्वदेशी उत्पाद बेचना अनिवार्य कर दिया था।