समाचार
तालिबान के दो गुट अमेरिकी सेना की वापसी के श्रेय लेने के लिए आपस में भिड़े

अफगानिस्तान में सरकार बनने के बाद तालिबान के दो गुटों के समर्थकों के मध्य राष्ट्रपति महल में झगड़ा हो गया था। इसके बाद शीर्ष नेताओं को आगे आकर मामला शांत करवाना पड़ा। यह घटना अंतरिम सरकार की घोषणा के दौरान की है।

आजतक ने बीबीसी की रिपोर्ट के हवाले से कहा कि तालिबान के दो गुटों के मध्य इस विषय को लेकर बहस हुई थी कि अमेरिका को अफगानिस्तान से वापस भेजने में किसकी महत्वपूर्ण भूमिका थी और कैबिनेट का बँटवारा किस तरह होगा। हालाँकि, तालिबान की ओर से रिपोर्ट का खंडन किया गया है।

रिपोर्ट में दावा किया जा रहा कि मुल्ला बरादर और खलील-उर-रहमान हक्कानी समूह के मध्य तीखी बहस हुई थी। इसके बाद दोनों के समर्थकों में भी विवाद हो गया था। अंतरिम सरकार का गठन जिस प्रकार हुआ, उससे मुल्ला बरादर अप्रसन्न था। साथ ही तालिबान के किस गुट को अमेरिका पर जीत हासिल करने का श्रेय मिले, इसको लेकर भी विवाद था।

बता दें कि लंबे समय से मुल्ला बरादर ने दोहा में लगातार वार्ता का मोर्चा संभाला था, जहाँ अमेरिका सहित अन्य देशों से चर्चा की। वहीं, हक्कानी समूह ने अफगानिस्तान के अलग-अलग क्षेत्रों में मोर्चा संभालकर अफगान आर्मी से लोहा लिया था।

यह पहला मौका नहीं है, जब तालिबान के दो गुटों के बीच विवाद की खबर आ रही है। इससे पूर्व कैबिनेट में जगह को लेकर भी विवाद हुआ था।