समाचार
रेलवे ने 756 प्रमुख स्टेशनों पर वीडियो निगरानी प्रणाली हेतु एजेंसियों को अंतिम रूप दिया

केंद्रीय सरकारी सार्वजनिक क्षेत्र के एक मिनी रत्न उपक्रम रेलटेल को रेलवे स्टेशनों पर निर्भया फंड के तहत वीडियो सर्विलांस सिस्टम (वीएसएस) परियोजना (सीसीटीवी कैमरा नेटवर्क) के क्रियान्वयन का जिम्मा सौंपा गया है। इस काम को पूरा करने के लिए एजेंसियों को अंतिम रूप देकर एक बड़ा कदम उठाया गया है।

रेलटेल ने बुधवार (6 जुलाई) को एक नियामक फाइलिंग में कहा कि परियोजना के पहले चरण में श्रेणी ए1, ए, बी, सी संख्या के 756 प्रमुख स्टेशनों को सम्मिलित किया जाएगा और जनवरी 2023 तक काम पूरा होने की संभावना है। शेष स्टेशनों को कार्यान्वयन के चरण-2 में सम्मिलित किया जाएगा।

रेल मंत्रालय के प्रमुख ध्यान देने वाले क्षेत्रों में से एक यात्रियों की सुरक्षा है। रेलवे स्टेशनों, जो परिवहन के प्रमुख केंद्र हैं पर सुरक्षा बढ़ाने के लिए भारतीय रेलवे स्टेशनों पर इंटरनेट प्रोटोकॉल (आईपी) आधारित वीडियो निगरानी प्रणाली (वीएसएस) स्थापित करने की प्रक्रिया में है। इसके अंतर्गत प्रतीक्षालय, आरक्षण काउंटर, पार्किंग क्षेत्र, मुख्य प्रवेश/निकास, प्लैटफार्म, फुट ओवर ब्रिज, बुकिंग कार्यालय आदि को सम्मिलित किया जाएगा।

रेल मंत्रालय ने निर्भया फंड के तहत भारतीय रेलवे के प्रमुख स्टेशनों पर वीडियो निगरानी प्रणाली के प्रावधान के लिए कार्यों को स्वीकृति दी है।

रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने एक बयान में कहा, “हमें रेलवे में नई तकनीक को तेज़ी से अवशोषित करने की आवश्यकता है। चाहे वह रोलिंग स्टॉक, निर्माण, सुरक्षा, साइबर सुरक्षा या ऐसी स्थितियों में जहाँ मानव इंटरफेस हो।”

रेलटेल अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक अरुणा सिंह ने आश्वासन दिया कि निष्पादन एजेंसियों को नियुक्त कर देने के साथ परियोजना के कार्यान्वयन में तेज़ी आएगी। इस परियोजना में सबसे आधुनिक सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर का उपयोग किया जाएगा।