राजनीति
बिहार में सुशांत की तरह कांग्रेस की बंगाल चुनाव में रिया को भुनाने की कोशिश शुरू
ऋचा गुप्ता - 11th September 2020

बंगाल प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के रूप में कार्यभार संभालने के कुछ ही समय बाद अधीर चौधरी गुरुवार (10 सितंबर) को रिया चक्रवर्ती के समर्थन में उतर आए। उन्होंने एक के बाद एक कई ट्वीट करके भाजपा पर निशाना साधा। भाजपा द्वारा दिवंगत सुशांत सिंह राजपूत को बिहारी अभिनेता के रूप में बदलने के बाद अब कांग्रेस बंगाली ब्राह्मण महिला के रूप में रिया के समर्थन में खड़ी नज़र आ रही है।

टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, अधीर रंजन ने ट्वीट किया, “दिवंगत सुशांत सिंह राजपूत एक भारतीय अभिनेता थे। भाजपा ने उन्हें बिहारी अभिनेता में बदल दिया। यह सब उन्होंने सिर्फ चुनावी फायदे के लिए किया है। रिया के पिता एक पूर्व सैन्य अधिकारी हैं, जिन्होंने देश की सेवा की है। रिया एक बंगाली ब्राह्मण महिला हैं। सुशांत को न्याय मिलना बिहार के न्याय के रूप में नहीं समझा जाना चाहिए।”

बेंगलुरु में जन्मीं रिया का पैतृक घर पुरुलिया के बागमुंडी में है। कांग्रेस नेता ने एक अन्य ट्वीट किया, “रिया के पिता भी अपने बच्चों के लिए न्याय मांगने के हकदार हैं। मीडिया ट्रायल हमारी न्यायिक प्रणाली के लिए खराब हिस्सा है। सभी को न्याय मिले यही हमारे संविधान का मूल सिद्धांत है।”

अभिनेता की मौत में ड्रग के दृष्टिकोण से जाँच कर रही नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो ने रिया और उनके भाई को गिरफ्तार किया था। इसे कांग्रेस नेता ने अपमानजक करार देते हुए कहा, “रिया चक्रवर्ती ने किसी को आत्महत्या या हत्या के लिए नहीं उकसाया है। उन्होंने कोई आर्थिक अपराध भी नहीं किया। उसे एनडीपीएस अधिनियम के तहत गिरफ्तार किया गया है। वह भी राजनीतिक आकाओं को खुश करने के लिए केंद्रीय एजेंसियों ने अपनी भूमिका निभाई है। समुद्र मंथन के बाद उन्होंने अमृत की बजाय ड्रग्स की खोज की है।”

अधीर चौधरी ने रिया चक्रवर्ती का राज्य से संबंध जोड़कर और उन्हें बंगाली ब्राह्मण महिला के रूप में संदर्भित करके 2021 में होने वाले पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी की ज़मीन तैयार करनी शुरू कर दी है।

बता दें कि इससे पूर्व, बिहार विधानसभा चुनाव में सुशांत की रहस्यमयी तरीके से हुई मौत को चुनावी मुद्दा बनाने की तैयारी की जा चुकी है। इसकी बानगी बीते दिनों देखने को मिली थी, जब बिहार भाजपा के कला एवं संस्कृति प्रकोष्ठ ने सोशल मीडिया पर एक स्टीकर जारी किया था, जिसमें अभिनेता की तस्वीर है और लिखा है कि ना भूले हैं,ना भूलने देंगे।

प्रकोष्ठ के महामंत्री बरुण कुमार सिंह ने ट्विटर पर लिखा, “बिहार में ऐसे 30 हजार स्टीकर लगाए जाएँगे।” उन्होंने कहा, “इसे राजनीति से जोड़कर नहीं देखना चाहिए। मैं पिछले 16 जून से ही इसको लेकर अभियान चला रहा हूँ।” इसी तरह कऱणी सेना ने भी स्टीकर और मास्क बनाकर लोगों को बाँटे हैं। उनका कहना है कि विपक्ष इसे राजनीति से जोड़कर देख रहा है, जो मुहिम की भावनाओं पर चोट कर रहा है।