समाचार
‘खाद्य और बुनियादी चीज़ों की जम्मू-कश्मीर में नहीं होगी कमी, 3 महीने का है भंडारण’

जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 के समाप्त होने के बाद राज्य में खाद्य और अन्य बुनियादी वस्तुओं की कमी को लेकर उठ रही चिंताओं पर राज्य प्रशासन ने कमी न होने का आश्वासन दिया है। कहा गया है, “3 महीने के लिए आवश्यक चीज़ों को भंडारण पहले से ही कर लिया गया है।”

एएनआई की रिपोर्ट के अनुसार, श्रीनगर में योजना आयोग के प्रधान सचिव रोहित कंसल ने आश्वासन दिया, “कश्मीर घाटी में चावल, गेहूँ, मटन, अंडे और ईंधन के 3 महीने से अधिक समय तक के लिए पहले से स्टॉक हैं। राज्य में खाद्य या नागरिक आपूर्ति में कोई कमी नहीं आएगी।”

केंद्र सरकार की ओर से कंसल ने स्थानीय लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा, “समय की ज़रूरत है कि स्थितियाँ बिगड़े नहीं। राज्य प्रशासन ने यह सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए हैं कि सार्वजनिक व्यवस्था को हर कीमत पर बनाए रखा जाए।”

राज्य में यह बदलाव तब आया, जब राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने संविधान (जम्मू और कश्मीर के लिए लागू होने वाला) आदेश 2019 जारी किया। यह समय-समय पर संशोधित संविधान (जम्मू और कश्मीर के लिए आवेदन) 1954 के आदेश को आगे बढ़ाएगा।

इसके अलावा, जम्मू-कश्मीर को विभाजित करने और जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को दो केंद्र शासित प्रदेश बनाने का विधेयक राज्यसभा में पारित किया गया। इस विधेयक पर अब लोकसभा में चर्चा होगी, जहाँ केंद्र सरकार को पूर्ण बहुमत प्राप्त है।