समाचार
“व्यापार में रहने का सरकार को कई काम नहीं”- मोदी ने पीएसयू निजीकरण पर दिया ज़ोर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार (24 फरवरी) को “व्यापार में रहने का सरकार को कोई काम नहीं” बात को दोहराते हुए कहा कि उनकी सरकार प्रतिबद्ध है राज्य शासित कंपनियों के निजीकरण के लिए और भारत की परिसंपत्ति मुद्रीकरण के लिए उन्होंने निजी क्षेत्र की भागीदारी का आह्वान किया।

विनिवेश योजना के क्रियान्वयन पर मोदी एक वेबिनार को संबोधित कर रहे थे। “सरकार का विज़न है देश के उद्यमों व व्यापारों का सहयोग करना लेकिन सरकार स्वयं उद्यम चलाया या किसी व्यापार में स्वामित्व रखे, उसकी आज के समय में आवश्यकता नहीं है। न ही यह संभव है।”, मोदी ने कहा।

मोदी के अनुसार सरकार को जन कल्याण पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए इसलिए उन्होंने कहा, “व्यापार में रहने का सरकार को कोई काम नहीं।” उन्होंने आगे कहा, “वह समय अलग था जब सार्वजनिक उद्यम स्थापित किए गए थे और आवश्यकताएँ भी अलग थीं।”

50-60 वर्षों पहले अच्छी माने जाने वाली नीतियों में सुधार की आवश्यकता बताते हुए मोदी ने कहा, “सुधार लाकर हमारा उद्देश्य सार्वजनिक रुपये को सही उपयोग है।” उन्होंने बताया कि परिसंपत्ति मुद्रीकरण और पीएसयू निजीकरण का उपयोग विकास परियोजनाओं के वित्तपोषण में होगा।