समाचार
भारत, ऑस्ट्रेलिया और जापान व्यापार व निवेश के लिए त्रिपक्षीय रूपरेखा बनाने को तैयार

भारत, ऑस्ट्रेलिया और जापान के बीच त्रिपक्षीय अनुबंध के लिए एक बड़े प्रोत्साहन के रूप में तीनों देश व्यापार और निवेश की बाधाओं को दूर करने के साथ इन क्षेत्रों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक रूपरेखा बनाने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं।

इकोनॉमिक टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, तीनों देश आपूर्ति शृंखला रिज़ाइलियन्स प्रयास (एससीआरआई) के एक भाग के रूप में पहल करना चाह रहे हैं, जिसके तहत वे औद्योगिक पार्क स्थापित करना चाहते हैं। इसमें व्यापार और निवेश बाधाओं के समाधान के लिए एक तंत्र, एक सुव्यवस्थित जोखिम प्रबंधन प्रणाली, उनके बीच समुद्री व हवाई संपर्क में सुधार, व्यापार दस्तावेजों का डिजिटलीकरण और पारदर्शिता में सुधार के लिए विनियामक सूचनाओं का आदान-प्रदान जैसी बातें शामिल हैं।

उपरोक्त योजना के अनुरूप तीनों देश ट्रैक 1.5 संवाद को अंतिम रूप देने के लिए भी तैयार हैं। इसमें सरकारों की ओर से अलग उद्योगों और शिक्षा व शोध के क्षेत्रों को शामिल किया जाएगा, ताकि त्रिपक्षीय संबंधों को बढ़ाया जा सके।

इसके अतिरिक्त यह गौर किया जाना चाहिए कि तीनों देशों ने पहले ही कम से कम 10 उत्पादों और सेवा श्रेणियों की पहचान कर ली है। इनमें बड़ी मात्रा में दवाइयाँ, फार्मास्यूटिकल्स व मेडिकल डिवाइस, ऑटो व ऑटो घटक, पेट्रोलियम व पेट्रोकेमिकल्स, स्टील व पर्यटन, सूचना प्रौद्योगिकी व वित्तीय सेवाएँ शामिल हैं।

जापान चीन पर निर्भरता कम करने के उद्देश्य से काम कर रहा है। ऐसे में एससीआरआई आसियान-जापान आर्थिक लचीलापन कार्य योजना और भारत-जापान औद्योगिक प्रतिस्पर्धात्मकता साझेदारी जैसे मौजूदा ढाँचे का निर्माण करना चाहता है।