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आज़म खान, “तीन लाख मतों के अंतर से नहीं जीता तो समझो निष्पक्ष चुनाव नहीं हुए”

एग्ज़िट पोल में भाजपा की अगुआई वाली एनडीए के पूर्ण बहुत के साथ फिर से सत्ता में लौटने की संभावनाओं से बौखलाए विवादित सपा नेता आज़म खान ने फिर बेतुका बयान दे दिया है। ज़ी न्यूज़  की रिपोर्ट के अनुसार, उन्होंने कहा, “अगर मैं रामपुर में तीन लाख से अधिक मतों के अंतर से नहीं जीतता हूँ तो इसका मतलब है कि चुनाव निष्पक्ष नहीं हुए हैं।”

एग्ज़िट पोल के बाद विपक्षी दलों ने उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में ईवीएम से छेड़छाड़ और उसके बदले जाने के आरोप लगाए हैं। विपक्षी यहाँ तक कह रहे हैं कि ईवीएम में छेड़छाड़ की साजिश में सत्ताधारी पार्टी से चुनाव आयोग भी मिला हुआ है।

उधर, चुनाव आयोग ने ईवीएम में हेरफेर के सभी आरोपों को निराधार बताते हुए खारिज कर दिया है। आयोग ने कहा, “हमने 23 मई की मतगणना से पहले ईवीएम को सुरक्षित रखने के लिए सख्त प्रोटोकॉल का पालन किया है।”

इससे पहले भी आज़म खान कई विवादित बयान देकर सुर्खियाँ बटोर चुके हैं। उन्होंने भाजपा की जयप्रदा के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। इस पर राष्ट्रीय महिला आयोग ने उन्हें नोटिस जारी किया था। भड़काऊ टिप्पणियों की वजह से कम से कम दो बार खान को प्रचार करने से रोक दिया गया था। इस पर आज़म के बेटे ने चुनाव आयोग को दोषी ठहराते हुए कहा था, “मेरे पिता को इसलिए बार-बार निशाना बनाया जा रहा था क्योंकि वह मुसलमान हैं।”

2014 में सपा नेता ने कहा था, “कारगिल की चोटियों पर हिंदू नहीं बल्कि मुस्लिम सैनिकों ने विजय प्राप्त की थी।” इस मामले में उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। उन्होंने भारत माता को डायन तक कह डाला था। हालाँकि, बाद में सफाई दी थी कि टिप्पणी धार्मिक मान्यताओं के संदर्भ में थी। वह तब भी सुर्खियों में रहे थे, जब उनकी भैंस चोरी हो गई थी।