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एफएटीएफ के लिए दिखावा है हाफिज सईद की सज़ा, पाकिस्तानी अखबार डॉन का दावा

फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) की बैठक के बाद मुंबई हमले का मास्टरमाइंड हाफिज सईद पाकिस्तान में जेल से रिहा हो सकता है। पाकिस्तानी अखबार डॉन ने इसका दावा किया है कि जानबूझकर उसको सज़ा देने के फैसले में कमियाँ छोड़ी गई हैं।

दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के अनुसार, हाफिज के वकील का दावा है कि उसके मुवक्किल को सिर्फ एफएटीएफ के दबाव की वजह से सज़ा सुनाई गई है। वह आतंकरोधी अदालत (एटीसी) के फैसले को लाहौर की उच्च न्यायालय में चुनौती देगा।

हाफिज और उसके साथी को लाहौर के एटीसी ने आतंकियों को धन मुहैया कराने के दो मामलों में साढ़े पाँच साल की सजा सुनाई थी। अब एफएटीएफ की बैठक 16 फरवरी को पेरिस में होगी, जिसमें पाकिस्तान पर आर्थिक प्रतिबंध लगाने के बारे में अंतिम निर्णय आएगा। एफएटीएफ ने पाकिस्तान को आतंकी गतिविधियों को रोकने में असफल होने पर काली सूची में डाल दिया था।

उधर भारत का दावा है कि जैश-ए-मोहम्मद ने आतंकियों की ट्रेनिंग के लिए बालाकोट में दो भवन बनवाए हैं। आतंकी वहां पर अपनी सुविधाएँ बढ़ा रहा है। जानकारी मिली है कि पाकिस्तान सेना इन आतंकवादी संगठनों को प्रशिक्षण और धन मुहैया कराना जारी रखती है और अपने पड़ोसियों, भारत और अफगानिस्तान के खिलाफ इनका इस्तेमाल करती है। इन संगठनों में से कई अवैध रूप से ड्रग्स के कारोबार में लगे हुए हैं और अपने कैडरों के लिए भारी राजस्व कमाते हैं।