समाचार
हुगली में भाजपा सांसद का मुसलमानों द्वारा हिंदुओं पर हमले का दावा, पुलिस मूक दर्शक

पश्चिम बंगाल के हुगली में तेलिनिपारा में रविवार रात हिंदुओं पर हमलों का केंद्र बना और मंगलवार को फिर से हमले कर दिए गए। इस दौरान हिंसा में हिंदुओं के व्यापारिक प्रतिष्ठानों में आग लगाई गई और बम फेंके गए। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिस इस बीच मूक दर्शक बनी रही।

स्थानीय लोगों के अनुसार, इसकी जड़ मुसलमानों द्वारा लॉकडाउन प्रतिबंधों का पालन करने से मना करना था। हाल ही में अजमेर से लौटे उरदीबाजार के कई मुस्लिमों ने कथित तौर पर कोविड-19 का परीक्षण करवाया लेकिन वे लॉकडाउन प्रतिबंधों का पालन नहीं कर रहे थे और घूम रहे थे।

हुगली के लोकसभा सांसद लॉकेट चटर्जी ने कहा, “क्षेत्र के हिंदुओं ने कोविड-19 से संक्रमित होने की आशंका पर चिंता जताई और बाहरी लोगों को उनके क्षेत्रों में प्रवेश करने से रोकने के लिए बैरिकेडिंग लगाईं। पास के चंदननगर के हिंदुओं ने भी ऐसा ही किया।”

सांसद ने एक वीडियो रिकॉर्डिंग में कहा, “मुसलमानों ने बैरिकेड्स तोड़कर उन क्षेत्रों में प्रवेश करने पर जोर दिया, जहाँ हिंदू बहुसंख्यक हैं। उन्होंने जानबूझकर वायरस फैलाने के उद्देश्य से ऐसा किया। हिंदुओं ने मुसलमानों के लॉकडाउन का पालन ना करने पर आपत्ति जताई और उन्होंने हिंदुओं पर हमला कर दिया।”

हमले में आभूषणों की दुकानों सहित हिंदुओं के कई घरों, दुकानों पर हमला किया और लूटपाट की। पुलिस आयुक्त का कहना है कि तेलिनिपारा के विक्टोरिया जूट मिल्स क्षेत्र में मुसलमानों द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले सार्वजनिक शौचालय के बाद वहाँ हिंदुओं ने बैरिकेडिंग की, जो हिंसा की वजह बनी।

लॉकेट चटर्जी ने आरोप लगाया कि हिंदुओं पर हमले पूर्व नियोजित थे और धारा 144 लागू होने के बावजूद पुलिस ने मुस्लिम भीड़ को हिंदुओं को इकट्ठा करने और हमला करने से नहीं रोका। एम्बुलेंस में हथियार ले जाया गया और महिलाओं और बच्चों पर भी हमला किया गया।