समाचार
हामिद करज़ई ने अफगानिस्तान पर अमेरिका-पाकिस्तान समझौते पर भारत को चेताया

अफगानिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति हामिद करज़ई ने भारत को चेतावनी दी है कि उसे अफगानिस्तान पर पाकिस्तान-संयुक्त राज्य के संभावित सौदे से सावधान रहना चाहिए। उधर, अफगानिस्तान से अमेरिकी सैनिकों की पूरी तरह वापसी न करने के डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिए हैं।

द हिंदू की रिपोर्ट के अनुसार, हामिद करज़ई ने ऐसे वक्त में चेतावनी दी है, जब अमेरिका के विशेष दूत जालमे खलीलजाद तालिबान के साथ शांति समझौते पर बात कर रहे हैं। भारत यात्रा में दिल्ली आए करज़ई ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विदेश मंत्री एस जयशंकर से मिलकर अमेरिका में हुए समझौते में पाकिस्तान के शामिल होने पर अफगानिस्तान की चिंताओं पर बात की।

पूर्व राष्ट्रपति ने रिपोर्ट में कहा, “हम अफगानों ने बड़े पैमाने पर अमेरिकी-पाकिस्तानी सौदों का परिणाम भुगत लिया है। अब फिर ऐसा समझौता होने की संभावना है। इसके बाद यह हमारे लिए डर और चिंता का विषय बन गया है। भारत को भी इसके समान परिणाम भुगतने पड़े थे इसलिए उन्हें भी इस बारे में चिंतित होना चाहिए।”

इसी बीच, खलीलजाद कतर के दोहा में तालिबान के साथ बातचीत कर समझौता आगे बढ़ाने के लिए तैयार हैं। अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अपनी सेना को जल्द से जल्द अफगानिस्तान से निकालना चाहते हैं, ताकि राष्ट्रपति चुनावों में उनकी दावेदारी मजबूत हो।

लाइवमिंट की रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप ने ओवल ऑफिस में संवाददाताओं से कहा, “हमारे पास हमेशा खुफिया जानकारी होगी और हम वहाँ किसी न किसी को रखेंगे। हम वहाँ अमेरिकी सैनिकी की तैनाती मे कमी लाए हैं लेकिन तब भी हमारी वहाँ पूरी मौजूदगी है।”