समाचार
सीएए पर भड़काऊ भाषण देने वाले डॉक्टर कफील पर राष्ट्रीय सुरक्षा के तहत कार्रवाई

नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) को लेकर अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) में भड़काऊ भाषण देने वाले डॉक्टर कफील खान पर शुक्रवार को राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (रासुका) के तहत कार्रवाई कर दी गई। वह भड़काऊ भाषण के मामले में शुक्रवार को मथुरा जेल से जमानत पर रिहा होने वाले थे लेकिन सरकार ने उनके खिलाफ रासुका लगा दी।

हिंदुस्तान लाइव की रिपोर्ट के अनुसार, अलीगढ़ के जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह ने कहा, “डॉक्टर कफील खान पर रासुका लगाकर रिपोर्ट गृह मंत्रालय को भेज दी गई है। इसके बाद उनकी जमानत पर जेल से रिहाई रोक दी गई है।”

एएमयू में भड़काऊ भाषण देने के आरोप में कफील की मुंबई से गिरफ्तार की गई थी। इसके बाद उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में मथुरा भेज दिया गया था। 10 फरवरी के बाद से ही उनकी रिहाई की कोशिशें चल रही थीं। उनके खिलाफ अब अलीगढ़ के सिविल लाइंस थाने में एनएसए के तहत मुकदमा लिखा गया है।

बता दें कि कफील को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत से सोमवार (10 फरवरी) को जमानत मिली थी। अदालत ने 60 हजार रुपये के दो बांड के साथ सशर्त जमानत दी थी। साथ ही उन्हें हिदायत दी गई थी कि वह भविष्य में इस तरह की घटना को नहीं दोहराएँगे।