समाचार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गति शक्ति मास्टर प्लान में 100 लाख करोड़ रुपये का इंफ्रास्ट्रक्चर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 100 लाख करोड़ रुपये के गति शक्ति मास्टर प्लान का सितंबर में अनावरण किया जाएगा, जो देश में रसद लागत में कटौती और संयोजकता बढ़ाने का लक्ष्य रखता है।

यह कार्यक्रम देश भर में दो रक्षा गलियारों सहित 1,200 से अधिक औद्योगिक समूहों को मल्टी-मोडल संयोजकता प्रदान करने के लिए तैयार है।

नियोजित समूहों में बड़ा टेक्सटाइल पार्क, फिशिंग क्लस्टर एवं बंदरगाह, खाद्य प्रसंस्करण पार्क, इलेक्ट्रॉनिक एवं आईटी पार्क सम्मिलित हैं।

उड़ान, भारत नेट, सागरमाला, भारतमाला जैसे विभिन्न मंत्रालयों की प्राथमिक योजनाएँ आर्थिक क्षेत्रों की मल्टी-मोडल इंफ्रास्ट्रक्चर संयोजकता के लिए प्रधानमंत्री गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान का हिस्सा होंगी।

केंद्रीय वाणिज्य मंत्रालय का रसद प्रभाग परियोजना का नेतृत्व करेगा, जबकि केंद्रीय कैबिनेट सचिव के नेतृत्व में सचिवों के एक अधिकार प्राप्त समूह का एक समूह पूरी परियोजना के निष्पादन की देखरेख करेगा।

टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, अब तक भारत में आपूर्ति शृंखला और रसद लागत देश के सकल घरेलू उत्पाद का 14 प्रतिशत है। गति शक्ति मास्टर प्लान का लक्ष्य आवश्यक इंफ्रास्ट्रक्चर के पर्याप्त अनुकूलन को सुनिश्चित करके इसे कम करना और संभवतः इसका वैश्विक औसत 8 प्रतिशत तक लाना है।