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महुआ मोइत्रा पर लोकसभा में राम मंदिर पर अभद्र टिप्पणी के लिए केंद्र की कार्रवाई संभव

तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की सांसद महुआ मोइत्रा ने सोमवार (8 फरवरी) को लोकसभा में राम मंदिर और पूर्व मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई के खिलाफ अभद्र टिप्पणी की थी। इसको लेकर संसदीय मामलों के केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने मंगलवार (9 फरवरी) को कहा, “यह गंभीर विषय है। सांसद के खिलाफ उचित कार्रवाई करने पर विचार किया जा रहा है।”

अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार, महुआ मोइत्रा ने राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान कहा था, “न्यायपालिका अब पवित्र नहीं रह गई है। पूर्व मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई ने भाजपा में दबाव में आकर राम मंदिर के पक्ष में निर्णय सुनाया था।”

महुआ ने केंद्र सरकार पर कायरता को साहस के रूप में परिभाषित करने का आरोप लगाया था। उन्होंने कहा, “कुछ लोग सत्ता की ताकत, कट्टरता, असत्य को साहस कहते हैं। सरकार ने दुष्प्रचार और गलत सूचना फैलाने का कुटीर उद्योग बना लिया है।”

तृणमूल कांग्रेस सांसद ने कहा, “केंद्र सरकार कृषि कानूनों को लाई, जबकि विपक्ष और किसान संगठन इन्हें किसान विरोधी बता रहे थे। इन्हें बिना आम सहमति और समीक्षा के लाया गया। मैं भाजपा से पूछना चाहती हूँ कि क्या इस तरह से लोकतंत्र चलेगा।”

इस पर संसदीय कार्य राज्यमंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने आपत्ति जताई। उन्होंने कहा, “सदन की कार्यवाही के दौरान इस तरह का उल्लेख नहीं किया जा सकता है।” पीठासीन सभापति एनके प्रेमचंद्रन ने कहा कि अगर महुआ मोइत्रा की बात आपत्तिजनक है तो उसे रिकॉर्ड में नहीं रखा जाएगा।”