समाचार
पूर्वी लद्दाख की विपरीत दिशा में लगभग 22 चीनी लड़ाकू विमान अभ्यास करते देखे गए

चीन के कुछ लड़ाकू विमान मंगलवार (8 जून) को पूर्वी लद्दाख की विपरीत दिशा में अभ्यास करते देखे गए। इनकी संख्या लगभग 22 बताई जा रही है। चीनी वायु सेना का बड़ा युद्धाभ्यास पूर्वी लद्दाख के विपरीत में मौजूद बीजिंग के एयरबेस से किया गया था।

दैनिक जागरण की रिपोर्ट के अनुसार, रक्षा सूत्रों का कहना है कि करीब 21 से 22 चीनी लड़ाकू विमान में जे-11 थे, जो एसयू-27 लड़ाकू विमान की चीनी कॉपी है। कुछ जे-16 लड़ाकू जेट लद्दाख में भारतीय क्षेत्र की विपरीत दिशा में अभ्यास कर रहे थे। इन चीनी विमानों की गतिविधियाँ होतन, गर गुनसार और काशगर एयरफील्ड एयरबेस से की गईं।

ये सभी एयरबेस हाल ही में उन्नत किए गए, ताकि हर तरह के लड़ाकू विमानों की वहाँ से उड़ान भरी जा सके। अभ्यास के दौरान सभी लड़ाकू विमान अपने क्षेत्र के भीतर ही रहे। बता दें कि भारत और चीन के बीच कई दौर की वार्ता हो चुकी है लेकिन अब तक दोनों देशों के बीच सैन्य तनाव जारी है।

सूत्रों का कहना है कि चीन ने पैंगोंग झील के क्षेत्र से अपनी सेना की वापसी कर ली लेकिन अब तक अपनी एयर डिफेंस प्रणाली को नहीं हटाया है। इसमें एचक्यू-9 और एचक्यू-16 शामिल हैं। ये दोनों ही लंबी दूरी तक निशाना साधने में सक्षम हैं। बता दें कि भारतीय वायुसेना भी नियमित रूप से लद्दाख में अपने राफेल लड़ाकू विमानों से पेट्रोलिंग करती रहती है।