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भारत व दक्षिण कोरिया का लक्ष्य 2030 से पूर्व 50 अरब डॉलर का व्यापार प्राप्त करना

भारत और दक्षिण कोरिया ने मंगलवार (11 जनवरी) को व्यापक आर्थिक भागीदारी समझौते (सीईपीए) उन्नयन वार्ता पर चर्चा को नई गति प्रदान करने पर सहमति व्यक्त की।

वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल और दक्षिण कोरिया के व्यापार मंत्री येओ हान-कू के मध्य नई दिल्ली में हुई बैठक के दौरान दोनों पक्षों ने द्विपक्षीय व्यापार एवं निवेश से संबंधित पहलुओं के व्यापक मुद्दों पर चर्चा की।

दोनों देशों के उद्योग जगत के नेताओं के मध्य व्यापार और निवेश पर व्यापक बी2बी वार्ता को बढ़ावा देने पर भी मंत्रियों ने अपनी सहमति व्यक्त की।

वाणिज्य मंत्रालय की विज्ञप्ति में कहा गया कि दोनों मंत्रियों ने दोनों पक्षों की ओर से उद्योग द्वारा व्यक्त की गईं कठिनाइयों को दूर करने हेतु खुलेपन की भावना से सहमति व्यक्त की। दोनों मंत्रियों ने व्यापार वार्ता टीमों के अपने अधिकारियों को सीईपीए को अद्यतन करने की वार्ता को समयबद्ध तरीके से पूरा करने और इसमें सभी हितधारियों का साथ लेने का निर्देश दिया, ताकि 2030 से पहले द्विपक्षीय व्यापार को 50 अरब डालर तक पहुँचाया जा सके। दोनों देश के बीच यह लक्ष्य 2018 में तय किया गया था।

मंत्रालय ने कहा कि यह नियमित वार्ता दोनों देशों के व्यापारिक समुदाय की कठिनाइयों और नए उभरते व्यापारिक मुद्दे, जिसमें आपूर्ति शृंखला के लचीलापन से संबंधित मुद्दों पर चर्चा करने का एक मंच होगा।

इसके अतिरिक्त, मंत्रियों ने दो पक्षों के पारस्परिक लाभ के लिए निष्पक्ष और संतुलित तरीके से विकास को प्राप्त करने हेतु भारत और दक्षिण कोरिया के मध्य द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ावा देने पर सहमति व्यक्त की।