अर्थव्यवस्था
नोटबंदी के दो सालों का उत्सव? ज़्यादा राशि जमा कराने वाले 80,000 खाताधारियों के पीछे आयकर विभाग

आयकर विभाग के अधिकारी उन 80,000 लोगों के पीछे लगे हुए हैं जिन्होंने नोटबंदी के समय बैंक खातों में अनुपात के प्रतिकूल राशि जमा करवाई थी, फाइनेन्शियल एक्सप्रेस  ने बताया। केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सी बी डी टी) के अध्यक्ष सुशील चंद्रा ने बताया कि उन लोगों की जाँच-पड़ताल होगी जिनका आय विवरण और बैंक खातों में जमा की गई राशि मेल नहीं खाती।

” उन 80,000 मामलों के लिए रिटर्न भी दर्ज नहीं की गई है, विभाग उनके पीछे लगा है और मूल्यांकन निर्धारित किया जाएगा।”, अध्यक्ष ने बताया। नोटबंदी के समय 23 लाख व्यक्तियों पर बैंक खातों में काफी ज़्यादा राशि जमा करने का संदेह था।

आयकर विभाग उन लाखों लोगों की भी जाँच कर रहा है, जिन्होंने अपनी आयकर रिटर्न फाइल नहीं की है। “हमने उन 80 लाख लोगों की भी पहचान की है जिन्होंने पिथले तीन सालों में आयकर रिटर्न फाइल की है परंतु इस वर्ष अभी तक ऐसा नहीं किया है। हम उन लोगों से भी बात कर रहे हैं जो आयकर रिटर्न फाइल कर चुके हैं लेकिन वह अधिकतम सीमा से अधिक है तो उन्हें फिर से आयकर रिटर्न फाइल करनी होगी।”, चंद्रा ने बताया।

अगस्त में रिपोर्ट किया गया था कि सी बी डी टी ने वर्ष 2017-18 में 10 लाख करोड़ रुपए से अधिक आयकर जमा कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। इस काल में आयकर जमा करने वाले लोगों की संख्या भी बढ़कर एक करोड़ हो गई है।