अर्थव्यवस्था
आईबीसी ने पहुँचाया पंजाब बैंक को लाभ, हुई 16,600 करोड़ रुपये की ऋण वसूली

राज्य के स्वामित्व वाले पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) ने लगातार तीन त्रैमासिकों में घाटे का सामना रने के बाद मंगलवार (5 फरवरी) को एनपीए की वसूली और अशोध् ऋणों में कमी के कारण 247 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ दर्ज किया। अब मार्च में पीएनबी ने अशोध् ऋण से 10,000 करोड़ रुपये की वसूली का लक्ष्य रखा है।

इस वित्तीय वर्ष में पीएनबी ने अशोध् ऋणों से 16,600 करोड़ रुपये तक की वसूली की और बैंक ने 14,000 करोड़ रुपये के नीरव मोदीमेहुल चोकसी घोटाले का खामियाजा उठाया जो पहली बार फरवरी 2018 में सामने आया था।

एमडी सुनील मेहता कहते हैं, “हम एनपीए से 10,000 करोड़ रुपये की वसूली की उम्मीद करते हैं जिसमें भूषण पावर के 6,000 करोड़ रुपये  भी शामिल हैं।“

मेहता ने कहा कि योजनाबद्ध वसूली की शेष राशि 4,000 करोड़ रुपये छोटे खातों के साथ ही कुछ एनसीएलटी खातों से होगी। मार्च में पीएनबी को भूषण पावर के लिए किए गए प्रावधानों पर राइट-बैक के रूप में 1,800 करोड़ रुपये मिलने की संभावना है।

भूषण पावर एंड स्टील स्वीकृत प्रस्ताव के अंतिम पड़ाव पर हैं  जिसमें एनसीएलटी जेएसडब्लू स्टील और आर्सेलर मित्तल के दाम निश्चित करेगा।

वित्त वर्ष 19 के नौ महीनों के दौरान अशोध्य ऋणों से बैंक की वसूली 16,600 करोड़ रुपये रही। एनसीएलटी खातों में इसके 36,367 करोड़ रुपये हैं  जिसके लिए बैंक ने 75.1 प्रतिशत का प्रावधान किया है।

मेहता ने कहा कि बैंक ने मार्च 2018 के अंत में अपनी सकल गैर-निष्पादित परिसंपत्ति (एनपीए) के स्तर को 18 प्रतिशत से दिसंबर 2018 तक 16.33 प्रतिशत तक नीचे लाया है। उन्होंने कहा कि बैंक को यह उम्मीद है कि सकल एनपीए  200 आधार अंकों (2 प्रतिशत अंक) से गिरकर इस वित्तीय वर्ष (मार्च 2019) के अंत तक 14 प्रतिशत हो जाएगा।

पीएनबी अपने हाउसिंग फाइनेंस में हिस्सेदारी बेचने की प्रक्रिया में भी है। बोलियाँ स्वीकार करने की अंतिम तिथि 8 फरवरी है।