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उजाला योजना के तहत 2014 से 36.78 करोड़ एलईडी बल्ब वितरित- संसद में ऊर्जा मंत्री

केंद्र सरकार ने मंगलवार (7 दिसंबर) को संसद को सूचित किया कि 2014 में शुरू की गई उजाला योजना के तहत 36.78 करोड़ से अधिक एलईडी बल्ब वितरित किए जा चुके हैं।

संसद को बताया गया कि इसके अतिरिक्त, एलईडी बल्बों के वितरण से प्रति वर्ष लगभग 38.69 मिलियन टन कार्बन डाई ऑक्साइड के उत्सर्जन में कमी आई है।

केंद्रीय ऊर्जा मंत्री आरके सिंह ने राज्यसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा, “एनर्जी एफिशिएंसी सर्विसेज लिमिटेड (ईईएसएल) द्वारा कार्यान्वित उन्नत ज्योति के अंतर्गत सभी के लिए किफायती एलईडी (उजाला) कार्यक्रम के तहत 2014 में 7 वॉट एलईडी बल्ब 340 रुपये प्रति की दर पर बेचे गए थे। ईईएसएल द्वारा बेचे जा रहे एलईडी बल्ब की मौजूदा कीमत 70 रुपये प्रति 9 वॉट बल्ब है। वर्तमान खुदरा बाजार मूल्य लगभग 80 रुपये से 100 रुपये प्रति 9 वॉट बल्ब है।

सिंह ने कहा, “उजाला योजना के तहत अब तक 36.78 करोड़ एलईडी बल्ब वितरित किए जा चुके हैं।”

मंत्री ने कहा कि निजी और सार्वजनिक क्षेत्र में खरीदे गए बल्बों की संख्या का विवरण ईईएसएल द्वारा संकलित नहीं किया गया है। हालाँकि, इलेक्ट्रिक लैंप एंड कंपोनेंट मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन (एलकोमा) के अनुसार, निजी क्षेत्र द्वारा उपभोक्ताओं को 160 करोड़ से अधिक एलईडी बल्ब बेचे गए हैं।

सिंह ने आगे बताया कि ईईएसएल द्वारा 36.78 करोड़ एलईडी बल्बों के वितरण के परिणामस्वरूप प्रति वर्ष लगभग 38.69 मिलियन टन सीओ-2 उत्सर्जन में कमी आई है।